पवित्र हवन — वैदिक पूजा विधि
नवग्रह हवन
संक्षिप्त परिचय
नवग्रह हवन एक शक्तिशाली वैदिक अग्नि अनुष्ठान है जो सभी नौ ग्रह देवताओं को एक साथ प्रसन्न करने के लिए किया जाता है। यह कुंडली में ग्रहों के अशुभ प्रभावों को निष्प्रभावी करता है, शुभ ग्रह प्रभावों को मजबूत करता है और जीवन में ब्रह्मांडीय ऊर्जाओं को सामंजस्य में लाता है। प्रत्येक ग्रह को उससे संबंधित विशेष लकड़ी, अनाज और जड़ी-बूटियों की आहुति दी जाती है।
अंतिम अपडेट: 23 अप्रैल 2026 · स्रोत: वैदिक परंपरा
लाभ
शनि की साढ़ेसाती, मंगल दोष और काल सर्प दोष जैसे अशुभ ग्रह प्रभावों को कम करता है, ग्रहों द्वारा नियंत्रित जीवन के सभी क्षेत्रों में स्पष्टता और संतुलन लाता है, स्वास्थ्य, करियर, रिश्ते और वित्त में सुधार होता है।
चरण-दर-चरण विधि
बड़ा हवन कुंड स्थापित करें। नवग्रह मंडल (नौ वर्गों वाला चित्र) बनाएं। प्रत्येक ग्रह का प्रतीक या प्रतिमा संबंधित वर्ग में रखें। गणेश पूजा और कलश स्थापना करें। पुरोहित प्रत्येक ग्रह के विशेष मंत्र (108 बार) का उच्चारण करते हुए समर्पित आहुतियां दें — सूर्य को गेहूं, चंद्र को चावल, मंगल को लाल मसूर, बुध को हरा चना, बृहस्पति को चना, शुक्र को सफेद चावल, शनि को तिल, राहु को काला तिल, केतु को कुलथी। पूर्णाहुति और आरती से समापन करें।
शुभ मुहूर्त
सूर्य दोष के लिए रविवार, चंद्र के लिए सोमवार, मंगल के लिए मंगलवार, बुध के लिए बुधवार, बृहस्पति के लिए गुरुवार, शुक्र के लिए शुक्रवार, शनि के लिए शनिवार। पूर्ण नवग्रह हवन के लिए पुष्य या हस्त नक्षत्र का दिन चुनें।
आवश्यक सामग्री
- ·हवन कुंड
- ·नवग्रह मंडल कपड़ा या चित्र
- ·घी
- ·गेहूं (सूर्य के लिए)
- ·चावल (चंद्र के लिए)
- ·लाल मसूर (मंगल के लिए)
- ·हरा चना (बुध के लिए)
- ·चना (बृहस्पति के लिए)
- ·सफेद चावल (शुक्र के लिए)
- ·तिल (शनि के लिए)
- ·काला तिल (राहु के लिए)
- ·कुलथी (केतु के लिए)
- ·सामग्री
- ·आम की लकड़ी
- ·अगरबत्ती
- ·कपूर
सामान्य प्रश्न
प्र.नवग्रह हवन क्या है?
नवग्रह हवन एक शक्तिशाली वैदिक अग्नि अनुष्ठान है जो सभी नौ ग्रह देवताओं को एक साथ प्रसन्न करने के लिए किया जाता है। यह कुंडली में ग्रहों के अशुभ प्रभावों को निष्प्रभावी करता है, शुभ ग्रह प्रभावों को मजबूत करता है और जीवन में ब्रह्मांडीय ऊर्जाओं को साम...
प्र.नवग्रह हवन के क्या लाभ हैं?
शनि की साढ़ेसाती, मंगल दोष और काल सर्प दोष जैसे अशुभ ग्रह प्रभावों को कम करता है, ग्रहों द्वारा नियंत्रित जीवन के सभी क्षेत्रों में स्पष्टता और संतुलन लाता है, स्वास्थ्य, करियर, रिश्ते और वित्त में सुधार होता है।
प्र.नवग्रह हवन का सबसे अच्छा समय क्या है?
सूर्य दोष के लिए रविवार, चंद्र के लिए सोमवार, मंगल के लिए मंगलवार, बुध के लिए बुधवार, बृहस्पति के लिए गुरुवार, शुक्र के लिए शुक्रवार, शनि के लिए शनिवार। पूर्ण नवग्रह हवन के लिए पुष्य या हस्त नक्षत्र का दिन चुनें।
प्र.नवग्रह हवन के लिए कौन सी सामग्री चाहिए?
हवन कुंड, नवग्रह मंडल कपड़ा या चित्र, घी, गेहूं (सूर्य के लिए), चावल (चंद्र के लिए), लाल मसूर (मंगल के लिए), हरा चना (बुध के लिए), चना (बृहस्पति के लिए), सफेद चावल (शुक्र के लिए), तिल (शनि के लिए), काला तिल (राहु के लिए), कुलथी (केतु के लिए), सामग्री, आम की लकड़ी, अगरबत्ती, कपूर।