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खंड १ · अंक १ · स्था. MMXXVIमंगलवार, 21 अप्रैल 2026मुफ्त · वैदिक · सटीक
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वैदिक ज्योतिष एवं ज्योतिष गणना

विवाह ज्योतिष

कुंडली मिलान — गुण मिलान

अष्टकूट मिलान पद्धति से 36 गुणों का विश्लेषण। भकूट, नाड़ी और मंगल दोष की जांच सहित — बिल्कुल मुफ्त।

कुंडली मिलान करें →

अष्टकूट — 8 कूट और उनके गुण

वर्ण1 गुण

आत्मिक विकास का स्तर

वश्य2 गुण

आकर्षण और प्रभाव

तारा3 गुण

जन्म नक्षत्र की मित्रता

योनि4 गुण

स्वभाव और यौन अनुकूलता

ग्रह मैत्री5 गुण

मानसिक अनुकूलता

गण6 गुण

स्वभाव (देव/मनुष्य/राक्षस)

भकूट7 गुण

प्रेम और समृद्धि

नाड़ी8 गुण

स्वास्थ्य और संतान

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

गुण मिलान में कितने गुण होने चाहिए?

36 में से 18 या उससे अधिक गुण विवाह के लिए स्वीकार्य माने जाते हैं। 27 से अधिक उत्तम होते हैं। केवल गुण संख्या नहीं, दोषों की भी जांच आवश्यक है।

नाड़ी दोष क्या है?

नाड़ी दोष तब होता है जब वर और वधू की नाड़ी एक ही हो — आदि, मध्य या अंत्य। यह स्वास्थ्य और संतान के दृष्टिकोण से सबसे महत्वपूर्ण दोष माना जाता है।

भकूट दोष कब होता है?

जब वर-वधू की राशियों का संबंध 6-8, 9-5 या 12-2 हो तब भकूट दोष माना जाता है। यह धन और प्रेम को प्रभावित करता है, लेकिन कुछ परिस्थितियों में यह निरस्त हो जाता है।

क्या मंगलिक के साथ मंगलिक का विवाह होना चाहिए?

हां, यह एक सामान्य मार्गदर्शन है। दोनों के मंगल दोष होने पर वे एक-दूसरे को निष्प्रभावी कर देते हैं। हालांकि मंगल की शक्ति, स्थिति और दोष निवारण कारकों की जांच आवश्यक है।