भगवान श्री राम · भक्ति गीत
श्री राम जी की आरती
Shri Ram Aarti
श्री राम आरती भगवान विष्णु के सातवें अवतार और अयोध्या के आदर्श राजा श्री राम की स्तुति में गाई जाने वाली भक्ति स्तोत्र है। यह उनके धर्म, शौर्य और करुणा के गुणों का गुणगान करती है और विशेष रूप से रामनवमी तथा रामायण पाठ के समय गाई जाती है।
अंतिम अपडेट: 14 जून 2026 · पारंपरिक हिंदू भक्ति गीत
श्री राम जी की आरती के लाभ
- ·बुराई पर विजय और शत्रुओं से रक्षा
- ·धर्म के मार्ग पर चलने की शक्ति
- ·मन की शांति और दुख-कष्टों का निवारण
- ·पारिवारिक सौहार्द और दाम्पत्य सुख का आशीर्वाद
पाठ का सर्वोत्तम समय
रामनवमी, प्रत्येक मंगलवार और शनिवार, कार्तिक माह और रामायण पाठ के समय।
श्री राम जी की आरती, संपूर्ण पाठ
॥ श्री राम जी की आरती ॥
टेक
आरती कीजै रामलला की। कनक शरीर अरुण छबि छाई, रघुकुल-नायक लाल की॥
॥ 1 ॥
मस्तक पर सोहत सुंदर टीका, कुंडल झलकत गाल की। नयन विशाल कमल-सम सोहत, मुस्कान अधर रसाल की॥ आरती कीजै रामलला की। कनक शरीर अरुण छबि छाई, रघुकुल-नायक लाल की॥
॥ 2 ॥
भुज विशाल शर-चाप विराजे, बल की सीमा काल की। लक्ष्मण सखा भरत शत्रुघ्न, चार भाई खुशहाल की॥ आरती कीजै रामलला की। कनक शरीर अरुण छबि छाई, रघुकुल-नायक लाल की॥
॥ 3 ॥
जानकी संग विराजे राघव, सुंदर जोड़ी भाल की। हनुमत-सेवक चरण पखारत, महिमा रघुकुल पाल की॥ आरती कीजै रामलला की। कनक शरीर अरुण छबि छाई, रघुकुल-नायक लाल की॥
सामान्य प्रश्न
प्र.श्री राम आरती के लिए सबसे उत्तम समय कब है?
रामनवमी सबसे शुभ अवसर है। मंगलवार और शनिवार विशेष रूप से अनुकूल हैं, कार्तिक माह भी। अनेक भक्त रामायण पाठ के दौरान प्रतिदिन सूर्योदय पर यह आरती गाते हैं।
प्र.भगवान राम किन गुणों के प्रतीक हैं?
भगवान राम मर्यादा पुरुषोत्तम हैं, वह आदर्श मनुष्य जो पुत्र, पति, राजा और योद्धा हर भूमिका में धर्म का पालन करते हैं। उनकी आरती गाने से सत्य और धर्म के पथ पर चलने की प्रेरणा मिलती है।