माँ दुर्गा · भक्ति गीत
दुर्गा आरती
Durga Aarti
दुर्गा आरती अजेय माँ दुर्गा की शक्तिशाली स्तुति है। नवरात्रि और दुर्गा पूजा में गाई जाने वाली यह आरती उनकी रक्षात्मक शक्ति का आह्वान करती है।
अंतिम अपडेट: 20 अप्रैल 2026 · पारंपरिक हिंदू भक्ति गीत
दुर्गा आरती के लाभ
- ·शत्रुओं से प्रचंड सुरक्षा
- ·साहस और शक्ति
- ·असाध्य बाधाओं पर विजय
- ·नवरात्रि में मनोकामना पूर्ति
पाठ का सर्वोत्तम समय
नवरात्रि के दौरान, अष्टमी और नवमी पर। पूर्णिमा की रात भी।
दुर्गा आरती — संपूर्ण पाठ
॥ श्री दुर्गा जी की आरती ॥
टेक
जय अम्बे गौरी, मैया जय श्यामा गौरी। तुमको निशदिन ध्यावत, हरि ब्रह्मा शिवरी॥
॥ 1 ॥
माँग सिंदूर बिराजत, टीको मृगमद को। उज्ज्वल से दोउ नैना, चंद्रवदन नीको॥
सामान्य प्रश्न
प्र.क्या दुर्गा आरती और अम्बे गौरी आरती एक ही है?
ये संबंधित लेकिन अलग हैं। जय अम्बे गौरी उत्तर भारत में दुर्गा पूजा में सर्वत्र गाई जाने वाली आरती है।
अन्य आरतियाँ
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