भूमि खरीद मुहूर्त · Varanasi, Uttar Pradesh
Varanasi भूमि खरीद मुहूर्त 2030
For property purchase in Varanasi (Uttar Pradesh), timings are adjusted for local coordinates (25.32N, 82.97E). Rahu Kalam, sunrise, sunset, and Lagna calculations differ from standard Delhi-based muhurat lists because Varanasi is at a different longitude. Always use city-specific timings for accurate muhurat.
अंतिम अपडेट: 23 अप्रैल 2026 · स्रोत: पंचांग, मुहूर्त शास्त्र
2030 मुहूर्त तिथियाँ — Varanasi
2030 में Varanasi के लिए सटीक भूमि खरीद मुहूर्त तिथियाँ जानने के लिए ऊपर दिए गए मुहूर्त कैलकुलेटर का उपयोग करें। यह Varanasi के सटीक सूर्योदय और सूर्यास्त (25.32N, 82.97E), राहु काल, यमगंड और गुलिक काल, तथा 2030 के प्रत्येक दिन की तिथि, नक्षत्र, योग और करण को ध्यान में रखता है।
नीचे दिए गए पारंपरिक नियम 2030 पर भी उतने ही लागू होते हैं जितने किसी अन्य वर्ष पर। जो बदलता है वह यह है कि 2030 में कौन-सी कैलेंडर तिथियाँ उन मानदंडों को पूरा करती हैं।
भूमि खरीद मुहूर्त के बारे में
संपत्ति क्रय के लिए मंगल (भूमि के कारक) और चतुर्थ भाव की अनुकूलता ज़रूरी है। रजिस्ट्री और कब्जे का समय शुभ मुहूर्त में होना चाहिए।
मुहूर्त चयन के नियम
- 1.बुधवार, गुरुवार, शुक्रवार श्रेष्ठ; शनिवार वर्जित
- 2.मंगल और चतुर्थ भाव का स्वामी बलवान और अनुकूल हो
- 3.रजिस्ट्री के समय राहु काल, यमगंड से बचें
- 4.शुभ नक्षत्र: रोहिणी, उत्तरा फाल्गुनी, हस्त, अनुराधा, श्रवण, धनिष्ठा, रेवती
- 5.क्रेता की कुंडली में चतुर्थ भाव पीड़ित न हो
Varanasi के लिए सटीक समय क्यों ज़रूरी है
सामान्य मुहूर्त सूची दिल्ली या उज्जैन के देशांतर के आधार पर बनती है।Varanasi का अक्षांश 25.32N और देशांतर 82.97E है, जिसके कारण सूर्योदय, राहु काल और लग्न का समय अलग होता है।
सामान्य प्रश्न — भूमि खरीद मुहूर्त 2030
प्र.2030 में Varanasi के लिए सबसे अच्छा भूमि खरीद मुहूर्त कब है?
2030 में Varanasi के लिए शुभ भूमि खरीद मुहूर्त तिथियाँ पंचांग विश्लेषण से निर्धारित होती हैं — शुभ तिथि, नक्षत्र और आपके शहर के सटीक निर्देशांक (25.32N, 82.97E) के अनुसार राहु काल की अनुपस्थिति। ऊपर दिए गए मुहूर्त कैलकुलेटर का उपयोग करें।
प्र.संपत्ति रजिस्ट्री और कब्जे के लिए अलग मुहूर्त चाहिए?
आदर्श स्थिति में दोनों एक ही शुभ मुहूर्त में करें। कब्जे का मुहूर्त अधिक महत्वपूर्ण है।
प्र.प्लॉट और फ्लैट के लिए मुहूर्त अलग होता है?
मूलभूत नियम समान हैं। प्लॉट के लिए मंगल और फ्लैट के लिए चतुर्थ भाव पर अतिरिक्त ध्यान दिया जाता है।