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चंद्र ग्रहण — वैदिक ज्योतिष

चंद्र ग्रहण 2031

2031 में चंद्र ग्रहण की तारीख, IST समय, भारत में दृश्यता, सूतक नियम और सभी 12 राशियों पर वैदिक ज्योतिष प्रभाव की संपूर्ण जानकारी।

अंतिम अपडेट: 23 अप्रैल 2026 · स्रोत: वैदिक पंचांग

पूर्ण चंद्र ग्रहण — 14 नवंबर 2031

14-15 नवंबर 2031 को पूर्ण चंद्र ग्रहण, चंद्रमा वृष राशि में रोहिणी नक्षत्र पर — भारत के लिए दशक का सर्वश्रेष्ठ ग्रहण, पूर्णता पूरे उपमहाद्वीप में दृश्य। रक्त-लाल चंद्रमा रोहिणी, चंद्रमा के सबसे प्रिय नक्षत्र, पर उगता है, असाधारण सौंदर्य और ज्योतिषीय शक्ति का आकाशीय दृश्य बनाता है।

तारीख

14 नवंबर 2031

समय (IST)

20:02 UTC / 01:32 IST (Nov 15)

प्रकार

पूर्ण

चंद्र राशि

वृष

नक्षत्र

Rohini

अवधि

5 hours 38 minutes total (totality: 1 hour 32 minutes)

दृश्यता

भारत में पूर्णतः दृश्य — भारतीय दर्शकों के लिए दशक का सर्वश्रेष्ठ ग्रहण

वैदिक महत्व

रोहिणी नक्षत्र, चंद्रमा का प्रिय पड़ाव, ब्रह्मा द्वारा अधिपति और चंद्रमा द्वारा शासित। यहाँ पूर्ण चंद्र ग्रहण अधिकतम भावनात्मक, रचनात्मक और भौतिक शक्ति लाता है। वृष में यह प्रचुरता, सौंदर्य और पार्थिव पोषण के इर्द-गिर्द गहरे कार्मिक प्रवाह को सक्रिय करता है। यह ग्रहण आध्यात्मिक साधनाओं के लिए शुभ माना जाता है।

ग्रहण के दौरान क्या करें और क्या न करें

करें

  • प्रचुरता, सौंदर्य और भावनात्मक उपचार के लिए चंद्र पूजा करें और श्री सूक्त का पाठ करें
  • अधिकतम पुण्य के लिए ग्रहण रात्रि को सफेद फूल, सफेद चावल, दूध और चांदी दान करें
  • गहरे ध्यान के लिए पूर्णता का उपयोग करें — रोहिणी संकल्प और भावनात्मक स्पष्टता को बढ़ाती है
  • व्यक्तिगत पोषण और विकास के लिए रोहिणी नक्षत्र मंत्र और चंद्र बीज मंत्र का जाप करें

न करें

  • ग्रहण के दौरान, विशेषकर पूर्णता में, खाने से बचें
  • ग्रहण के दौरान नए वित्तीय उद्यम या बड़ी खरीदारी शुरू न करें
  • अत्यधिक भावनात्मक लिप्तता या आसक्ति से बचें — ग्रहण को अपना शुद्धिकरण कार्य करने दें
  • इस अत्यंत शुभ ग्रहण रात्रि को महिलाओं, प्रकृति या पृथ्वी का अनादर न करें

सभी 12 राशियों पर प्रभाव

मेष के 2रे भाव में — वित्त, पारिवारिक बंधन और वाणी का व्यापक कार्मिक पुनर्निर्माण; मूल्य से पुरानी आसक्तियाँ छोड़ें और वास्तविक प्रचुरता का स्वागत करें।

वृष के 1ले भाव में — दशक का सबसे भावनात्मक रूप से शक्तिशाली व्यक्तिगत पुनर्निर्माण; प्रेम से पुराने स्व को छोड़ें और दीप्तिमान नई अभिव्यक्ति में कदम रखें।

मिथुन के 12वें भाव में — आध्यात्मिक एकांत और अवचेतन पैटर्न पूरी तरह साफ; एक उज्ज्वल नया बाहरी चक्र शुरू होने के लिए तैयार।

कर्क के 11वें भाव में — सामाजिक आकांक्षाएं और मुख्य मैत्री कार्मिक पूर्णता पर; वास्तविक हृदय के समुदायों के साथ पुनः संरेखित हों।

सिंह के 10वें भाव में — करियर प्रतिष्ठा गहरी कार्मिक पूर्णता का सामना करती है; जो आप बड़े हो गए हैं उसे छोड़ें और नवीनीकृत उद्देश्य में कदम रखें।

कन्या के 9वें भाव में — विश्वास और शिक्षक कार्मिक पूर्णता पर; अर्जित ज्ञान को आत्मसात करें और परिष्कृत विश्वास के साथ आगे बढ़ें।

तुला के 8वें भाव में — गहरा परिवर्तन और कार्मिक ऋण पूर्णता पर; गहरे पुनर्जन्म को हानि नहीं, बल्कि उपहार के रूप में स्वीकार करें।

वृश्चिक (Scorpio)

2031 ग्रहण गाइड →

वृश्चिक के 7वें भाव में — प्रमुख साझेदारी अध्याय कार्मिक पूर्णता पर; साझेदारियाँ या तो गहरी होती हैं या इस ग्रहण के साथ शालीनता से समाप्त होती हैं।

धनु के 6वें भाव में — स्वास्थ्य चक्र और सेवा पैटर्न पूर्णता पर; ठीक हों, छोड़ें और पोषणकारी नई दिनचर्या स्थापित करें।

मकर के 5वें भाव में — रचनात्मक परियोजनाएं और रोमांटिक अध्याय गर्म पूर्णता पर; विकास का जश्न मनाएं और आनंद के नए बीज बोएं।

कुंभ के 4थे भाव में — घर, पारिवारिक गतिशीलता और भावनात्मक पैटर्न गहरी पूर्णता पर; पैतृक जड़ों का सम्मान करें और आदर्श आंतरिक अभयारण्य बनाएं।

मीन के 3रे भाव में — संचार पैटर्न और भाई-बहन के संबंध महत्वपूर्ण कार्मिक अध्याय पूरा करते हैं; बोलें, ठीक हों और स्वतंत्र रूप से आगे बढ़ें।

FAQ — चंद्र ग्रहण 2031

प्र.2031 में चंद्र ग्रहण कब है?

2031 में 1 चंद्र ग्रहण हैं: 14 नवंबर 2031।

प्र.चंद्र ग्रहण नंगी आंखों से देख सकते हैं?

हां, चंद्र ग्रहण को नंगी आंखों से देखना पूरी तरह सुरक्षित है। सूर्य ग्रहण के विपरीत, चंद्र ग्रहण देखने के लिए किसी सुरक्षात्मक चश्मे की जरूरत नहीं।

प्र.चंद्र ग्रहण में क्या खाएं?

वैदिक परंपरा के अनुसार ग्रहण के दौरान उपवास रखें। ग्रहण समाप्त होने के बाद स्नान करके ताजा भोजन करें।

प्र.सूतक काल क्या है?

चंद्र ग्रहण में सूतक ग्रहण से 9 घंटे पहले शुरू होता है। इस दौरान भोजन बनाना और खाना, तथा शुभ कार्य वर्जित हैं।