ग्रह फल — ग्रह स्थिति परिणाम
मंगल (Mangal) वृश्चिक में 9वें भाव में
संक्षिप्त उत्तर
जब मंगल (Mangal) वृश्चिक (Vrishchika) में 9वें भाव (धर्म भाव) में बैठता है, तो यह पिता, भाग्य, धर्म, उच्च शिक्षा, दीर्घ यात्रा, जांघें को प्रभावित करता है। मंगल अपनी राशि (स्वक्षेत्र) वृश्चिक में है। मंगल 9वें भाव में पिता, भाग्य, धर्म, उच्च शिक्षा, दीर्घ यात्रा, जांघें को प्रभावित करता है।
अंतिम अपडेट: 19 अप्रैल 2026 · स्रोत: बृहत् पाराशर होरा शास्त्र, ग्रह फल अध्याय
ग्रह की दशा (Dignity)
मंगल अपनी राशि (स्वक्षेत्र) वृश्चिक में है। ग्रह सहज है और बिना बाहरी समर्थन के स्वाभाविक रूप से परिणाम देता है।
भाव फल
मंगल 9वें भाव में पिता, भाग्य, धर्म, उच्च शिक्षा, दीर्घ यात्रा, जांघें को प्रभावित करता है। विशिष्ट परिणाम राशि स्थिति, अन्य ग्रहों के पहलू और वर्तमान दशा पर निर्भर करते हैं।
धर्म भाव
पिता, भाग्य, धर्म, उच्च शिक्षा, दीर्घ यात्रा, जांघें
करियर और व्यवसाय
मंगल वृश्चिक में 9वें भाव में पिता, भाग्य, धर्म, उच्च शिक्षा, दीर्घ यात्रा, जांघें के माध्यम से करियर को अप्रत्यक्ष रूप से प्रभावित करता है।
विवाह और संबंध
मंगल 9वें भाव में रिश्तों को अप्रत्यक्ष रूप से प्रभावित करता है।
स्वास्थ्य
मंगल 9वें भाव में सामान्य स्वास्थ्य से स्वास्थ्य से संबंधित है। मंगल का कारकत्व (ऊर्जा, साहस, भाई, संपत्ति, शल्य चिकित्सा) सबसे प्रभावित शरीर प्रणालियों का संकेत देता है।
उपाय
मंगल की कठिन स्थितियों के लिए: मंगलवार को हनुमान चालीसा पढ़ें, लाल मूंगा धारण करें, मसूर दाल दान करें। ये उपाय कठिन प्रभावों को कम करते हैं।
सामान्य प्रश्न
प्र.वृश्चिक में 9वें भाव में मंगल शुभ है या अशुभ?
मंगल अपनी राशि (स्वक्षेत्र) वृश्चिक में है। परिणाम अन्य ग्रहों के पहलू, दशा काल और संपूर्ण कुंडली संतुलन पर निर्भर करता है।
प्र.9वें भाव में मंगल कौन सा करियर देता है?
मंगल वृश्चिक में 9वें भाव में पिता, भाग्य, धर्म, उच्च शिक्षा, दीर्घ यात्रा, जांघें के माध्यम से करियर को अप्रत्यक्ष रूप से प्रभावित करता है।
प्र.यह विवाह को कैसे प्रभावित करता है?
मंगल 9वें भाव में रिश्तों को अप्रत्यक्ष रूप से प्रभावित करता है।
प्र.वृश्चिक में 9वें भाव में मंगल के उपाय क्या हैं?
मंगलवार को हनुमान चालीसा पढ़ें, लाल मूंगा धारण करें, मसूर दाल दान करें।