ग्रह फल — ग्रह स्थिति परिणाम
केतु (Ketu) धनु में 1वें भाव में
संक्षिप्त उत्तर
जब केतु (Ketu) धनु (Dhanu) में 1वें भाव (तनु भाव) में बैठता है, तो यह स्व, शरीर, व्यक्तित्व, स्वास्थ्य, रूप-रंग को प्रभावित करता है। केतु मित्र राशि (मित्र क्षेत्र) में है। केतु अशुभ ग्रह के रूप में 1वें भाव (केंद्र) में स्व, शरीर, व्यक्तित्व, स्वास्थ्य, रूप-रंग पर शक्तिशाली लेकिन कभी-कभी कठिन प्रभाव डालता है।
अंतिम अपडेट: 19 अप्रैल 2026 · स्रोत: बृहत् पाराशर होरा शास्त्र, ग्रह फल अध्याय
ग्रह की दशा (Dignity)
केतु मित्र राशि (मित्र क्षेत्र) में है। राशि स्वामी Jupiter केतु के लक्ष्यों का समर्थन करता है। परिणाम मध्यम सुगमता से आते हैं।
भाव फल
केतु अशुभ ग्रह के रूप में 1वें भाव (केंद्र) में स्व, शरीर, व्यक्तित्व, स्वास्थ्य, रूप-रंग पर शक्तिशाली लेकिन कभी-कभी कठिन प्रभाव डालता है।
तनु भाव
स्व, शरीर, व्यक्तित्व, स्वास्थ्य, रूप-रंग
करियर और व्यवसाय
केतु धनु में 1वें भाव में स्व, शरीर, व्यक्तित्व, स्वास्थ्य, रूप-रंग के माध्यम से करियर को अप्रत्यक्ष रूप से प्रभावित करता है।
विवाह और संबंध
केतु 1वें भाव में रिश्तों को अप्रत्यक्ष रूप से प्रभावित करता है।
स्वास्थ्य
केतु 1वें भाव में समग्र संविधान और जीवन शक्ति से स्वास्थ्य से संबंधित है। केतु का कारकत्व (मोक्ष, वैराग्य, आध्यात्मिकता, शल्य, नाना) सबसे प्रभावित शरीर प्रणालियों का संकेत देता है।
उपाय
केतु की कठिन स्थितियों के लिए: केतु बीज मंत्र जपें, लहसुनिया धारण करें, कुत्तों को खाना खिलाएं। ये उपाय कठिन प्रभावों को कम करते हैं।
सामान्य प्रश्न
प्र.धनु में 1वें भाव में केतु शुभ है या अशुभ?
केतु मित्र राशि (मित्र क्षेत्र) में है। परिणाम अन्य ग्रहों के पहलू, दशा काल और संपूर्ण कुंडली संतुलन पर निर्भर करता है।
प्र.1वें भाव में केतु कौन सा करियर देता है?
केतु धनु में 1वें भाव में स्व, शरीर, व्यक्तित्व, स्वास्थ्य, रूप-रंग के माध्यम से करियर को अप्रत्यक्ष रूप से प्रभावित करता है।
प्र.यह विवाह को कैसे प्रभावित करता है?
केतु 1वें भाव में रिश्तों को अप्रत्यक्ष रूप से प्रभावित करता है।
प्र.धनु में 1वें भाव में केतु के उपाय क्या हैं?
केतु बीज मंत्र जपें, लहसुनिया धारण करें, कुत्तों को खाना खिलाएं।