अंक ज्योतिष, वैदिक न्यूमेरोलॉजी
मूलांक विश्लेषण
आपका मूलांक आपकी कुंडली का सबसे महत्वपूर्ण अंक है। जन्म तिथि से निकाला जाता है और आपके मूल स्वभाव, प्राकृतिक शक्तियों और जीवन की केंद्रीय चुनौतियों को प्रकट करता है।
मूल अंक (1–9)
1
मूलांक 1, नेता और अग्रणी
सूर्यनेतृत्वस्वतंत्रतामौलिकता
2
मूलांक 2, राजनयिक और शांतिदूत
चंद्रसाझेदारीसंवेदनशीलताकूटनीति
3
मूलांक 3, रचनाकार और अभिव्यक्ति
गुरुरचनात्मकताअभिव्यक्तिआशावाद
4
मूलांक 4, निर्माता और व्यवस्थापक
राहुसंरचनाअनुशासनविश्वसनीयता
5
मूलांक 5, स्वतंत्रता का साधक
बुधस्वतंत्रतासाहसिकताअनुकूलनशीलता
6
मूलांक 6, पोषणकर्ता और देखभाल
शुक्रजिम्मेदारीसामंजस्यदेखभाल
7
मूलांक 7, साधक और ज्ञानी
केतुविश्लेषणआत्म-चिंतनज्ञान
8
मूलांक 8, शक्तिशाली और महत्वाकांक्षी
शनिशक्तिमहत्वाकांक्षाभौतिक सफलता
9
मूलांक 9, परोपकारी और वैश्विक
मंगलकरुणाआदर्शवादसेवा
मास्टर अंक (11, 22, 33)
11
मास्टर अंक 11, आध्यात्मिक दृष्टा
चंद्र (उच्चीकृत)अंतर्ज्ञानप्रेरणाआध्यात्मिक ज्ञान
22
मास्टर अंक 22, महान निर्माता
शनि (उच्चीकृत)अभिव्यक्तिविशाल दृष्टिविरासत
33
मास्टर अंक 33, महान शिक्षक
गुरु + शुक्रकरुणासेवाउपचार
सामान्य प्रश्न
प्र.अंक ज्योतिष क्या है?
अंक ज्योतिष संख्याओं और जीवन घटनाओं के बीच रहस्यमय संबंध का अध्ययन है। प्रत्येक व्यक्ति का मूलांक जन्म तिथि से निकाला जाता है।
प्र.मूलांक कैसे निकालें?
जन्म तिथि के सभी अंकों को जोड़ें: 15.3.1990 = 1+5+3+1+9+9+0 = 28 = 2+8 = 10 = 1। मूलांक 1।
प्र.मास्टर अंक क्या हैं?
11, 22, 33, ये तीन गुरु अंक हैं। इन्हें एकल अंक में नहीं घटाया जाता क्योंकि इनका दोहरा कंपन विशेष महत्व रखता है।